'ई-किताब' ऐप पर पढ़ सकेंगे उर्दू की किताबें

राष्ट्रीय उर्दू भाषा विकास परिषद की ओर से पांचवां विश्व उर्दू सम्मेलन का समापन हो गया। इसमें भारत समेत 18 देशों के उर्दू के विद्वान, शायर, पत्रकार और जानकार हिस्सा लिया। उर्दू सम्मेलन की थीम ‘उर्दू भाषा, संस्कृति और वर्तमान वैश्विक समस्याएं’ थ। सम्मलेन में दुनियाभर से 45 उर्दू डेलीगेट्स आए थे।। राष्ट्रीय उर्दू भाषा विकास परिषद के निदेशक इरतिजा करीम ने कहा कि इस सम्मेलन में आने वाले उर्दू भाषा-भाषी विद्धान अपने-अपने अनुभवों को साझा किया। इस मौके पर एक ‘ई-किताब’ ऐप लांच किया गया। इस पर परिषद् की सभी किताबें पढ़ी और डाउनलोड की जा सकेंगी। ई-किताब नाम के फीचर में डेढ़ हजार से ज्यादा किताबें मुफ्त डाउनलोड की जा सकेंगी। उर्दू की किताबों के लिए दुनिया में पहली बार इस तरह का कोई ऐप लॉन्च किया गया है। इस ऐप में ई-लाइब्रेरी नाम का फीचर भी जोड़ा जाएगा। ई-लाइब्रेरी पर पुरानी किताबों की स्कैन प्रति उपलब्ध होगी। ऐप को अंग्रेजी में भी लॉन्च किया गया है।  एक बार डाउनलोड करने के बाद दोबारा किताब उसी जगह से खुलेगी, जहां से उसे पिछली बार छोड़ा गया था। किसी भी शब्द पर क्लिक करते ही उसका अर्थ भी अपने-आप स्क्रीन पर आ जाएगा। इस तरह की किताबों को www.yourbookstall.com से डाउनलोड या buy books online किताब भी खरीद सकते है।

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